विदेश मंत्री डॉ० एस जयशंकर ने की बैठक की अध्यक्षता
लचीलापन, नवाचार, सहयोग और सतत विकास पर केंद्रित है
Central Samvad 14मई ।नई दिल्ली में ब्रिक्स देशों के विदेश मंत्रियों की दो दिवसीय बैठक आयोजित की जा रही है। बैठक की अध्यक्षता विदेश मंत्री डॉ० एस जयशंकर कर रहे हैं। इसमें ब्रिक्स सदस्य देशों के साथ भागीदार देशों के प्रतिनिधिमंडल प्रमुख भी शामिल हो रहे हैं।भारत की अध्यक्षता में आयोजित इस वर्ष की बैठक का विषय “लचीलापन, नवाचार, सहयोग और सतत विकास के लिए निर्माण” रखा गया है।
यह विषय प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के मानवता प्रथम और जनकेंद्रित दृष्टिकोण से प्रेरित बताया गया है।बैठक को संबोधित करते हुए विदेश मंत्री डॉ० एस जयशंकर ने कहा कि शांति और सुरक्षा वैश्विक व्यवस्था की आधारशिला हैं।
बैठकआतंकवाद के खिलाफ सहयोग मजबूत करने पर देशों की साझा सहमति

उन्होंने कहा कि सतत विकास समानता और “साझी लेकिन अलग-अलग जिम्मेदारियों” की भावना पर आधारित होना चाहिए।उन्होंने कहा—“तकनीकी प्रगति वैश्विक परिदृश्य को बदल रही है। इसका उपयोग सुशासन और समावेशी विकास के लिए प्रभावी रूप से किया जा सकता है।

हाल के संघर्षों ने संवाद और कूटनीति के महत्व को और स्पष्ट किया है। आतंकवाद के खिलाफ सहयोग मजबूत करने पर सभी देशों की गहरी और साझा सहमति है।डॉ० जयशंकर ने कहा कि दुनिया तेजी से बदल रही है और अंतरराष्ट्रीय तनाव, आर्थिक अनिश्चितता, तकनीक, व्यापार और जलवायु से जुड़ी चुनौतियों के बीच ब्रिक्स से सकारात्मक भूमिका निभाने की उम्मीद बढ़ी है। उन्होंने कहा कि ऊर्जा, खाद्य सुरक्षा, उर्वरक, स्वास्थ्य और वित्तीय सहायता जैसी चुनौतियों से निपटने में ब्रिक्स अहम भूमिका निभा सकता है।बैठक के दौरान विदेश मंत्री वैश्विक और क्षेत्रीय मुद्दों पर चर्चा करेंगे। बैठक में ब्राजील, रूस, ईरान, इंडोनेशिया, मलेशिया, संयुक्त अरब अमीरात और दक्षिण अफ्रीका सहित कई देशों के विदेश मंत्री और वरिष्ठ प्रतिनिधि भाग ले रहे हैं। कल दूसरे दिन “ब्रिक्स@20 : लचीलापन, नवाचार, सहयोग और सतत विकास के लिए निर्माण” विषय पर विशेष सत्र आयोजित किया जाएगा। इसके बाद वैश्विक शासन और बहुपक्षीय प्रणाली में सुधार पर चर्चा होगी।
Input -AIRNews

