Central Samvadरायपुर, 2 सितंबर 2026
राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान (NIT) रायपुर के कंप्यूटर साइंस एवं इंजीनियरिंग विभाग द्वारा तीन दिवसीय 5वें अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन कंप्यूटिंग, कम्युनिकेशन एवं लर्निंग (COCOLE-2026) का शुभारंभ किया गया। सम्मेलन में कंप्यूटिंग, कम्युनिकेशन और लर्निंग के क्षेत्र में हो रहे नए विकास एवं तकनीकी प्रगति पर शोधकर्ताओं, शिक्षाविदों, विशेषज्ञों और विद्यार्थियों ने विचार साझा किए।

कार्यक्रम का शुभारंभ NIT वारंगल के निदेशक एवं IIT गोवा के प्रोफेसर विद्याधर सुबुधि, NIT रायपुर के निदेशक (प्रभारी) डॉ. समीर बाजपेयी, रजिस्ट्रार प्रो. नरेंद्र डी. लोंढे सहित अन्य अतिथियों की उपस्थिति में दीप प्रज्वलन और राष्ट्रीय गीत के साथ हुआ।सम्मेलन के लिए भारत और विदेशों से कुल 285 शोध-पत्र प्राप्त हुए, जिनमें से 42 शोध-पत्रों का प्रस्तुति के लिए चयन किया गया है।

वक्ताओं ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), मशीन लर्निंग (ML), क्वांटम कंप्यूटिंग और साइबर सुरक्षा जैसी उभरती तकनीकों पर चर्चा की।डॉ. समीर बाजपेयी ने कहा कि AI और क्वांटम कंप्यूटिंग जैसी तकनीकों का विकास शासन, स्वास्थ्य सेवा, कृषि और आपदा प्रबंधन जैसे क्षेत्रों की जरूरतों को ध्यान में रखकर किया जाना चाहिए।

उन्होंने शोधकर्ताओं को सामाजिक एवं मानवीय चुनौतियों के समाधान के लिए अंतर-विषयक दृष्टिकोण अपनाने के लिए प्रोत्साहित किया।मुख्य अतिथि प्रो. विद्याधर सुबुधि ने स्वास्थ्य सेवा, स्मार्ट ग्रिड, विद्युत प्रणालियों और विनिर्माण सहित विभिन्न क्षेत्रों में AI की बढ़ती भूमिका पर प्रकाश डाला।

उन्होंने साइबर सुरक्षा और जिम्मेदार AI के महत्व पर जोर दिया।सम्मेलन के दौरान COCOLE-2026 कॉन्फ्रेंस बुकलेट का विमोचन भी किया गया। कार्यक्रम का समापन धन्यवाद ज्ञापन और राष्ट्रगान के साथ हुआ।

