Central Samvadरायपुर, 6 अगस्त
रायपुर शहर के समावेशी, सतत और पर्यावरण-संवेदनशील विकास को बढ़ावा देने के उद्देश्य से राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान (एनआईटी) रायपुर और स्कूल ऑफ प्लानिंग एंड आर्किटेक्चर (एसपीए) भोपाल ने संयुक्त रूप से एक सप्ताह की अकादमिक कार्यशाला “अर्बन इको सिनर्जीज़” आयोजित की।

कार्यशाला में दोनों संस्थानों के विद्यार्थियों और विशेषज्ञों ने रायपुर के विभिन्न क्षेत्रों का सर्वेक्षण कर शहरी विकास और पर्यावरण संरक्षण के बीच संतुलन बनाने पर चर्चा की। प्रतिभागियों ने केंद्रीय व्यावसायिक क्षेत्र, औद्योगिक कॉरिडोर, आवासीय क्षेत्रों और पुरानी बस्तियों के पुनर्विकास से जुड़े सुझाव प्रस्तुत किए।

कार्यशाला के समन्वयक डॉ. विवेक अग्निहोत्री ने बताया कि इसका उद्देश्य विद्यार्थियों को व्यावहारिक शहरी नियोजन की समझ देना और ऐसे विकास मॉडल तैयार करना है, जो आर्थिक, सामाजिक और पर्यावरणीय संतुलन सुनिश्चित करें। अंतिम दिन विशेषज्ञों ने प्रस्तुत प्रस्तावों की समीक्षा कर उन्हें और अधिक व्यवहारिक बनाने के सुझाव दिए।

