Central Samvad रायपुर 12जून
सरकार ने डीजल की जमाखोरी और कालाबाजारी रोकने के लिए नया आदेश जारी किया है। आवश्यक वस्तु अधिनियम, 1955 के तहत जारी इस आदेश के अनुसार अब किसी भी ग्राहक या वाहन को पेट्रोल पंप से एक दिन में 200 लीटर से अधिक डीजल नहीं बेचा जाएगा।
डीजल की बिक्री केवल वाहन के टैंक या पेसो (PESO) से अनुमोदित कंटेनर में ही की जा सकेगी।नए नियम के तहत संस्थागत, औद्योगिक और व्यावसायिक उपभोक्ता खुदरा पेट्रोल पंपों से पेट्रोल-डीजल नहीं खरीद सकेंगे। उन्हें अपनी जरूरतें केवल अधिकृत उपभोक्ता पंपों के माध्यम से पूरी करनी होंगी।

सरकार का कहना है कि थोक और खुदरा कीमतों में अंतर का लाभ उठाकर कुछ संस्थागत ग्राहक खुदरा बिक्री केंद्रों से ईंधन खरीद रहे थे, जिससे आम उपभोक्ताओं के लिए उपलब्धता प्रभावित हो रही थी।यह आदेश तत्काल प्रभाव से लागू हो गया है और 90 दिनों तक या अगले आदेश तक प्रभावी रहेगा।
इसके पालन की जिम्मेदारी तेल विपणन कंपनियों और पेट्रोल पंप संचालकों की होगी। उल्लंघन की स्थिति में आवश्यक वस्तु अधिनियम और अन्य लागू कानूनों के तहत कार्रवाई तथा जुर्माने का प्रावधान किया गया है।सरकार ने कहा है कि वर्तमान भू-राजनीतिक परिस्थितियों और ईंधन की सुचारु उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए यह कदम उठाया गया है। हालांकि केंद्र सरकार विशेष परिस्थितियों में किसी उपभोक्ता वर्ग, क्षेत्र या लेनदेन को इस आदेश से आंशिक या पूर्ण छूट भी दे सकती है।

