Central Samvadरायपुर | 26 जुलाई 2026
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने रेडियो कार्यक्रम ‘मन की बात’ के 136वें एपिसोड में छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले में जल संरक्षण के क्षेत्र में किए जा रहे नवाचारों और जनभागीदारी आधारित प्रयासों की सराहना की।

उन्होंने ‘कैच द रेन’ अभियान के तहत कोरबा नगर पालिक निगम द्वारा किए जा रहे वर्षा जल संचयन कार्यों को जल संरक्षण की प्रभावी पहल बताया।कलेक्टर कुणाल दुदावत के मार्गदर्शन और नगर निगम आयुक्त आशुतोष पांडेय के नेतृत्व में शहर में वर्षा जल संरक्षण के लिए कई महत्वपूर्ण कार्य किए गए हैं।
एसएएम-2.0 योजना के तहत 10 स्थानों पर आधुनिक रिचार्ज वेल बनाए गए हैं, जिनके माध्यम से वर्षा जल को सीधे भूगर्भ में पहुंचाकर भूजल स्तर बढ़ाने का प्रयास किया जा रहा है।नगर निगम ने जनभागीदारी के माध्यम से 757 शासकीय और 971 निजी भवनों सहित कुल 1,728 रेन वाटर हार्वेस्टिंग पिट स्थापित किए हैं। साथ ही नए भवन निर्माण की अनुमति में रेन वाटर हार्वेस्टिंग को अनिवार्य किया गया है।
सार्वजनिक भवनों में भी वर्षा जल संचयन की व्यवस्था सुनिश्चित की जा रही है।भूजल संरक्षण को मजबूत करने के लिए 95 अनुपयोगी और क्षतिग्रस्त बोरवेलों को रिचार्ज संरचनाओं के रूप में विकसित करने की कार्ययोजना तैयार की गई है। इसके साथ ही जिले में व्यापक पौधरोपण अभियान भी चलाया जा रहा है।
वन विभाग ने इस वर्ष कोरबा वनमंडल में ढाई लाख पौधे लगाने का लक्ष्य रखा है।प्रधानमंत्री द्वारा ‘मन की बात’ में कोरबा के जल संरक्षण मॉडल का उल्लेख किए जाने को जिले के लिए बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है। जिला प्रशासन ने नागरिकों से अपने घरों और संस्थानों में रेन वाटर हार्वेस्टिंग संरचनाएं स्थापित कर जल संरक्षण को जनआंदोलन बनाने की अपील की है।

